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नौकरी

सऊदी में अब मिल पायेगी नौकरी, अरब सरकार ने बनाया ये सख्त कानून!

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सऊदी अरब के श्रम मंत्रालय एवं सामाजिक विकास मंत्रालय ने एक बड़ा फैसला लिया है. इस फैसले के तहत दुनियाभर से साउदी पहुंचकर काम करने वाले लोगों को अब 12 जगहों पर नौकरी नहीं मिल पाएगी. अब इन जगह में केवल <strong></strong> ही काम कर सकेंगे. आपको बता दें कि इस साल की शुरुआत से अब तक सऊदी अरब सरकार ने कई बड़े कदम उठाए है. इससे पहले भी  वहां की सरकार ने पहली बार टैक्स लागने का फैसला किया. इस फैसले से वहां जाकर काम करने वाले लौटते वक्त खूब सारा सामान लाते थे लेकिन अब यह सब बंद हो सकता है. आइए जानते अब किन जगहों पर काम नहीं कर पाएंगे भारतीय..वो 12 क्षेत्र, जिसमें प्रवासी काम नहीं कर पाएंगे कुछ इस प्रकार हैं: घड़ी की दुकान, चश्मे की दुकान, मेडिकल स्टोर, इलेक्ट्रिकल एवं इलेक्ट्रॉनिक शॉप्स, कार स्पेयर पार्ट्स, बिल्डिंग मैटेरियल, कार्पेट, ऑटोमोबाइल एवं बाइक शॉप्स, होम फर्नीचर एवं रेडिमेड ऑफिस मैटेरियल, रेडिमेड गार्मेंट, बर्तन की दुकान, केक एवं पेस्ट्री. अगली स्लाइड में जानिए आखिर क्यों वहां से अब सामान नहीं ला पाएंगे महंगे सामान…इन चीजों पर नहीं लगेगा टैक्स: टैक्स से कुछ चीजों को अभी बाहर रखा गया है जैसे कि मकान का किराया, रियल इस्टेट, कुछ दवाइयां, एयरलाइन की टिकट, स्कूली ट्यूशन फी. हालांकि यूएई में उच्च शिक्षा पर टैक्स लगेगा. इसके अलावा बच्चों की यूनिफॉर्म, किताबें, स्कूल बस का किराया और लंच जैसी चीजों पर टैक्स देना होगा. इसके साथ ही रियल इस्टेट में सौदे के लिए दिए जाने वाले कमीशन पर भी टैक्स लगाया गया है. खाड़ी के दूसरे देश भी जल्दी ही वैट की योजना लागू करेंगे, ऐसी उम्मीद की जा रही है.सऊदी में रहने वालों पर बढ़ेगा बोझ: अबू धाबी के अखबार द नेशनल का कहना है कि यूएई में रहने का खर्च अगले साल से वैट के कारण करीब 2.5 फीसदी बढ़ जाएगा. इस बीच तनख्वाह उतनी ही रहने के आसार हैं. यूएई टैक्स से करीब 3.3 अरब अमेरिकी डॉलर की कमाई करने की योजना बना रहा है.

सैलरी पर टैक्स लगाने की योजना: सऊदी अरब में विदेशी लोगों की तादाद करीब एक तिहाई है जबकि यूएई में विदेशी लोग, स्थानीय लोगों से ज्यादा हैं. वैट से घबराए विदेशी लोगों को सरकार ने सांत्वना दी है कि फिलहाल पेरोल टैक्स लगाने का इरादा नहीं है जिसके लगने पर कुशल कामगारों के वहां से पलायन का अंदेशा है.

बजट में किया था ये ऐलान: सउदी अरब ने हाल ही में अपने इतिहास का सबसे बड़ा बजट पेश किया है. इसमें 2018 के लिए 261 अरब डॉलर खर्च करने की योजना बनाई गई है. सरकार वैट लगाकर आमदनी बढ़ाने के साथ ही सब्सिडी में कटौती का भी ऐलान किया है. हालांकि इसके बावजूद सऊदी अरब को कम से कम 2023 तक बजट घाटे का सामना करना पड़ेगा.

 

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देश

दूध बेचने वाले का लड़का बना 22 साल की उम्र में IAS, पहली ही कोशिश में किया कमाल

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बिहार के मधुबनी के रहने वाले गाँव बरुआर के निवासी मुकंद कुमार ने अपनी पहली ही कोशिश में यूपीएससी के एग्जाम में टॉप रैंक हासिल की है. मुकंद अभी महज़ 22 साल के हैं और इतनी सी उम्र में उन्होंने इतनी बड़ी कामयाबी हासिल कर ली है. मुकंद के पिता का नाम मनोज ठाकुर और माता का नाम है ममता देवी है. पिता बूथ सुधा डेयरी का बूथ चलाते हैं. माँ हाउस वाइफ हैं.

मुकंद की शुरूआती पढ़ाई गाँव में ही हुई. इसके बाद वह गुवाहाटी के जवाहर नवोदय विद्यालय चले गए और वहीँ से उन्होंने 12वीं तक की पढ़ाई की. बाद इसके वह ग्रेजुएशन के लिये दिल्ली चले गए. वहां मुकंद ने पी.जी.डी.ए.वी. कॉलेज से इंग्लिश ऑनर्स किया. मुकंद का मकसद था यूपीएससी जिसकी तैयारी उन्होंने कॉलेज के दिनों से ही शरू कर दी थी.

बता देब कि मुकंद ने 2019 में पहली बार यूपीएससी का एग्जाम दिया और पहली ही कोशिश में सफलता हासिल कर ली. इसका रिज़ल्ट इसी साल अगस्त में आया और उन्होंने 54वीं रैंक हासिल की. मुकंद का कहना है कि यूपीएससी के एग्जाम में सफलता पाने के लिए एक मकसद होना चाहिए. मकसद होगा तभी हम उसकी अहमियत समझेंगे.

उन्होंने बताया कि इस एग्जाम के लिए सिलेबस को बेहद अच्छे से समझना ज़रूरी है. तैयारी करने और एग्जाम देने से पहले छात्र को सिलेबस के बारे में सब कुछ पता हों चाहिए. इसके अलावा मुकंद ने बताया कि तैयारी के दौरान पिछले सभी एग्जाम का प्रश्न पत्र जरुर देखने चाहिए. इससे आप खुद को आकलन कर सकते हैं. उन्होंने बताया कि इसके प्री, मेन्स में पुछे जाने वाले सामान्य सब्जेक्ट की तैयारी बेहतर ढंग से करनी चाहिए.

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नौकरी

सेना भर्ती रैली की तारीखों का ऐलान, बलिया के नौजवानों को इस दिन मिलेगा मौका

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बलिया– सेना में शामिल होने के सपना देखने वाले युवाओं का इंतजार ख़त्म हो गया है और उनके लिए एक अच्छी खबर है. दरअसल सेना भर्ती के लिए रैली की तारीखों का ऐलान कर दिया गया है. सेना भर्ती रैली वाराणसी में होने जा रही है और इसकी शुरुआत एक नवम्बर से होगी. बताया जा रहा है कि वाराणसी में होने वाली इस सेना भर्ती रैली में 12 जिलों के युवा हिस्सा लेने आ रहे हैं और इसमें करीब 18 हज़ार 492 अभ्यर्थियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका मिलेगा.

इतने ही छात्रों ने ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराया है. वहीँ इसके आयोजन को लेकर बीते कल बुधवार को तहसीलवार कार्यक्रम का ब्यौरा दे दिया गया है. इसके मुताबिक, रैली के पहले दिन आज़मगढ़ के अभ्यर्थियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका मिलेगा. यह सेना भर्ती रैली 25 नवम्बर तक चलने वाली है जिसमे वाराणसी के युवाओं को रैली 19 और बीस नवम्बर को होने वाली है.

आपको बता दें कि इसका आयोजन वाराणसी के छावनी स्थित रणबांकुरे स्टेडियम में होने वाला है.
आज़मगढ़ के बाद दो नवम्बर को फूलपुर के साथ साथ साथ मऊ के मधुबनी तहसील की भर्ती की जाएगी और इसके बाद उसके आस पास के इलाके यानी कि घोसी, गोहना और मोहम्दाबाद की भर्ती की जाएगी. गोरखपुर की तहसील की भर्ती रैली 14 नवम्बर को होगी और बलिया रसड़ा तहसील को मौका 16 नवम्बर को मिलेगा.

इसके बाद 17 नवम्बर को बलिया के साथ साथ बांसडीह व बैरिया तहसील की भर्ती होगी. बेल्थरारोड, बांसडीह व बैरिया तहसील की भर्ती 18 नवम्बर को होगी. इसके बाद वाराणसी के युवाओं को मौका मिलेगा. आपको बता दें कि जिस अभ्यर्थियों का रजिस्ट्रेशन किसी कारण एक से ज्यादा बार हो गया है उनकी भर्ती के लिए 21 नवम्बर का दिन तय किया गया है. ऐसे में उन्हें परेशान होने की ज़रुरत नहीं है.

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उत्तर प्रदेश

यूपी बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा में बलिया में ये रहे टॉपर !

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यूपी बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट कक्षाओं का परीक्षा परिणाम शनिवार को घोषित कर दिया गया. बलिया के हाईस्कूल में 61.56 और इंटरमीडिएट में 53.31 प्रतिशत बच्चे उतीर्ण रहे। इस दौरान हाईस्कूल में जहां तरु सिंह ने बाजी मार ली वहीं इंटर में मयंक सिंह ने बाजी मारी.

यूपी बोर्ड की इंटरमीडिएट की परीक्षा में 90.80 प्रतिशत अंकों के साथ जिले में टॉप करने वाला मंयक सेना में अधिकारी (मेजर) बनना चाहता है. हालांकि फिलहाल वह कोटा में रहकर आईआईटी की तैयारी कर रहा है.

शनिवार को दोपहर में परीक्षा परिणाम आने के बाद मयंक के घर जश्न का माहौल था. शहर के नया चौक जापलिनगंज में मयंक की मां पूनम, पापा व बहन ने मिठाई खिलाकर खुशी का इजहार किया। मयंक ने 10वीं की पढ़ाई अनिता मेमोरियल स्कूल हैबतपुर से की है. उस परीक्षा में उसका 8.6 सीजीपीए था.

2019 के बोर्ड परीक्षा परिणामों में हाईस्कूल में लड़कियां लड़कों पर भारी रहीं। हाईस्कूल में पहले दो स्थानों पर लड़कियों ने अपना परचम लहरा दिया. जीएसएचएस स्कूल भीमपुरा की तरु सिंह ने कुल 91.3 प्रतिशत अंक प्राप्त किया और जिले में पहले नंबर पर रहीं. वहीं दूसरे नंबर पर एमवीवीएम मिश्रा स्कूल काजीपुरा बलिया की रितु सिंह जिले में दूसरे स्थान पर रहीं। उन्हें 91.1 प्रतिशत अंक प्राप्त हुआ.

इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षा परिणाम में तैलेस्वरी देवी आईसी गौरा पटोई स्कूल के मयंक सिंह को जनपद में पहला स्थान प्राप्त हुआ. उन्होंने 90.80 प्रतिशत अंक प्राप्त अपने स्कूल का नाम रोशन किया. एमवीवीएम मिश्रा स्कूल काजीपुरा बलिया की सपना को जनपद में दूसरा स्थान मिला. उन्हें 88.60 प्रतिशत वोट मिला और इसके साथ ही उन्होंने भी अपने स्कूल और परिवार का नाम रोशन किया.

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