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बलिया स्पेशल

बलिया- फर्जी विधायक बन अफसरों को गाली और धमकी देने वाला गिरफ्तार

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बलिया पुलिस ने एक ऐसे व्यक्ति को गिरफ्तार किया है जो कभी जिला जज तो कभी विधायक तो कभी प्रमुख सचिव बनकर पुलिस सहित विभाग के अन्य अधिकारियों को फोन कर धमकाने व गालियां देता था।  गुरुवार को पुलिस ने खुलासा करते हुए मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया है ।

 पुलिस के मुताबिक  सीयूजी पर कॉल कर धमकी देने के मुख़्य आरोपी बलिया जेल में निरुद्घ है। पकड़ा गया आरोपी मुख्य आरोपी का सहयोगी है। मऊ जिले के कोपागंज थाने के प्रभारी निरीक्षक आरके द्विवेदी को 20 और 21 मई को  जौनपुर के मुंगरा बादशाहपुर की पूर्व विधायक सीमा द्विवेदी के नाम पर और बिहार के सहरसा जिला जज और सचिवालय से तीन अलग-अलग मोबाइल नंबरों से फोन कर जान से मारने तथा पूरे परिवार को क्षति पहुंचाने की धमकी दी गई थी।
फोन करने वाले ने पुलिस पर कोपागंज थाना क्षेत्र के ही भरथिया कादीपुर में उपजे जमीन विवाद को निपटाने के लिए फोन किया था। इस पर कोपागंज थाना प्रभारी ने  रिपोर्ट  दर्ज कराई।
साथ ही उस फोन कॉल के बारे में जानकारी जुटाने जुट गई। रिकार्ड खंगालने के दौरान पुलिस को पता चला कि घटना का मुख्य आरोपी चंदन कन्नौजिया उर्फ चांदनी पुत्र गुलाब धोबी है जो बलिया जिले के बांसडीह थाना क्षेत्र के गोठौली गांव का है।

पुलिस ने बताया कि जेल में निरुद्घ चंदन कन्नौजिया उर्फ चांदनी जेल से ही कभी जिला जज तो कभी विधायक तो कभी सचिवालय से सचिव बनकर पुलिस सहित विभाग के अन्य अधिकारियों को फोन कर धमकाने के साथ ही गालियां भी देता था। उसके विरुद्घ गाजीपुर, बलिया और मऊ जिले में धोखाधड़ी और अधिकारियों को धमकाने के कई मामले दर्ज हैं।

उसके सहयोगी के रूप में कोपागंज थाने के भरथिया कादीपुर गांव का रमेश चौहान पुत्र बेचन चौहान शामिल है। खुलासे के बाद पुलिस ने रमेश चौहान को बुधवार की रात उसके घर से दबोचा। उसके पास से  पुलिस ने मोबाइल भी बरामद किया।

मऊ के अपर पुलिस अधीक्षक शैलेंद्र कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि मामले में एक आरोपी को दबोचा गया है। जांच चल रही है। जैसे-जैसे तथ्य मिलते जाएंगे कार्रवाई आगे बढ़ती रहेगी।

बलिया जिला जेल में धोखाधड़ी सहित अन्य अपराधिक मामलों में निरुद्व चंदन कन्नौजिया द्वारा कभी विधायक तो कभी जज तो कभी सचिव आदि बन कर धड़ल्ले से फोन करने का मामला उजागर होने पर प्रशासनिक व्यवस्था पर प्रश्न चिह्न खड़ा कर दिया। सख्ती के बाद जेल में  मोबाइल और सिम कैसे पहुुंच रहा । जबकि सिम बिना आधार कार्ड से लिंक कराए चालू नही हो सकते ।

बैरिया

बलिया: सड़क हादसे में किशोर की गई जान, विरोध में लोगों ने किया चक्का जाम, मौक़े पर पहुँचे सांसद

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बैरिया डेस्क : यातायात नियमों का अनुपालन न होने तथा रफ्तार की मार से  बलिया में सड़क हादसे रुकने का नाम ही नहीं ले रही है। प्रशासन की ओर से जागरुकता अभियान चलाने के बाद भी हादसे थमने का नाम ही नहीं ले रहा। रविवार को भी  हादसा किशोर के साथ पेश आया जहाँ उसकी जान चली गई ।

बताया जाता है कि खेत मे सिचांई कर रहे पिता को खाना पहुचां कर घर लौट रहे किशोर को सोनबरसा गांव के समीप एनएच 31 पर पिकअप ने रौंदा डाला। जिसके बाद घटना स्थल पर ही किशोर की हुई मौत चालक पिकअप लेकर फरार हो गया। विरोध में ग्रामीणों ने एनएच 31 घण्टो जाम कर दिया।

जानकारी के मुताबिक सुनील माली 15 वर्ष पुत्र भूलन माली निवासी सोनबरसा रविवार को दिन में लगभग 11 बजे खेत मे काम कर रहे पिता को खाना पहुचां कर घर वापस लौट रहा था। कि सोनबरसा गांव के सामने एनएच 31 पर बिहार से तेज रफ्तार आ रही पिकअप ने सुनील को रौंद दिया,जिससे उसकी घटना स्थल पर ही मौत हो गयी।

ग्रामीण जब तक मौके पर जुटते पिकअप चालक पिकअप लेकर मौके से फरार हो गया।विरोध में शव को सड़क पर रखकर ग्रामीणों ने एनएच 31 को जाम कर दिया,जिससे वाहनों की लम्बी कतार एनएच पर लग गयी,और जाम की स्थिति पैदा हो गयी। मौके पर पहुचे एसएचओ संजय त्रिपाठी ने जाम कर रहे ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया किन्तु ग्रामीण पुलिस को देखते ही उग्र हो गए और पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारे लगाने लगे।

घटना स्थल पर पहुचे सांसद वीरेन्द्र सिंह मस्त ने ग्रामीणों से बातचीत के बाद मौके से ही डीएम,एसडीएम व सीओ से बात की और तत्काल मौके पर पहुचंकर जाम समाप्त कराने और मृतक के परिजनों को आर्थिक सहायता दिलवाने को कहा। जिसके बाद सपा नेता मनोज सिंह अपने लाव लश्कर के साथ मौके पर पहुचकर सड़क दुर्घटना पर नाराजगी जताते हुए प्रशासन को जिम्मेवार ठहराया और तत्काल पीड़ित को आर्थिक सहायता देने की मांग की।

दुर्घटना के लगभग तीन घण्टे बाद क्षेत्राधिकारी आर के तिवारी के साथ मौके पर पहुचे उपजिलाधिकारी प्रशान्त कुमार नायक ने 10 दिनों के भीतर मृतक के परिजनों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने व सोनबरसा मोड़ पर गति अवरोधक बनवाने का आश्वासन दिया। इसके बाद सड़क जाम समाप्त हो गया।

एसएचओ संजय त्रिपाठी ने बताया कि दुर्घटना करने वाली पिकअप को बरामद कर चालक प्रिंस मिश्र निवासी केवरा थाना बांसडीह कोतवाली को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।पिता के तहरीर पर सम्बन्धितों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।

 

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बलिया स्पेशल

8 महीने बाद पहली बार बलिया में नहीं मिला कोरोना को कोई नया केस

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बलिया डेस्क : बलिया में रहने वाले लोगों के लिए राहत की खबर है।  जिले में 8 माह बाद पहली बार कोरोना का कोई केस नहीं मिला है। इसके साथ ही 3 कोरोना मरीजों के ठीक होने पर छुट्टी मिली है।

जिले में शनिवार को 612 लोगों की कोरोना जांच के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से सैंपल लिए गए थे, लेकिन उनमें से किसी व्यक्ति को कोरोना पुष्टि नहीं हो सकी। अब तक जिले में कुल 7211 कोरोना के मरीज पाए गए हैं।

जिले में कोरोना का पहला मामला 11 मई को आया था। इसके बाद से हर रोज कोरोना के नए केस मिल रहे थे। इसके चलते अब तक 7211 लोग कोरोना संक्रमित हो चुके हैं। इनमें से 7094 स्वस्थ हुए हैं। साथ ही कोरोना से 106 लोगों की मौत भी हो चुकी है। फिलहाल जिले में 11 मरीजों का उपचार चल रहा है।

पिछले काफी दिनों से कोरोना के नए मामलों में गिरावट आ रही थी, लेकिन अब 8 महीने बाद रविवार को पहली बार कोरोना को कोई नया केस नहीं आया है।

 

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बेल्थरा रोड

बर्खास्त संविदा स्टाफ नर्स ने अस्पताल अधीक्षक को दी धमकी, जातिसूचक शब्द का इस्तमाल कर पीटने की बात कही

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बिल्थरारोड डेस्क : सीएचसी सीयर से बलिया सीएमओ के निर्देश पर तीन वर्ष पूर्व से बर्खास्त संविदा की स्टाफ नर्स राधाकृष्ण राय ने वर्तमान अस्पताल अधीक्षक डॉ तनवीर आजम को फ़ोन पर धमकी दी है। उन्होंने मोबाइल पर तनवीर आज़म को जाति सूचक शब्दों का इस्तेमाल करते हुए अपने पक्ष में रिपोर्ट न देने पर पब्लिक के बीच पीटने की धमकी दी है।

जिसका ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वहीँ अस्पताल अधीक्षक डॉ तनवीर आजम ने मामले में कार्रवाई हेतु उभांव थाना पुलिस को लिखित तहरीर दिया है। अस्पताल अधीक्षक डॉ तनवीर आजम ने बताया कि श्रीमती राधा कृष्ण राय ग्राम सुरकुआ मेहदुपार बिशनपुरा थाना दोहरीघाट जनपद मऊ निवासी सीएचसी पर संविदा के तहत स्टाफ नर्स के लिए तीन वर्ष पूर्व कार्यरत थी।

जिसे तत्कालीन सीएमओ के निर्देश पर बर्खास्त कर दिया गया था। मामले में स्टाफ नर्स गत माह नवम्बर में मुख्यमंत्री जनता दरबार में फरियाद लेकर पहुंची थी। जिसके तहत बलिया सीएमओ को आख्या के लिए लिखा गया था। इस संदर्भ में भेजी गई रिपोर्ट को अपने खिलाफ कार्रवाई का हिस्सा बताकर स्टाफ नर्स ने मोबाइल फोन पर जमकर बुरा भला कहा और जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए नौकरी से हटाने की धमकी दी।

अधीक्षक तनवीर आजम ने अपने मोबाइल पर दी गई गाली और धमकी का ऑडियो रिकॉर्डिंग होने का दावा करते हुए कहा कि स्टाफ नर्स ने बलिया सीएमओ को भी बर्बाद करने और अधीक्षक को पब्लिक के बीच चप्पल से पीटने की धमकी दी है।

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