Connect with us

बलिया

बलियाः डीजे और डांसर को लेकर दो पक्षों में मारपीट, 1 की मौत 4 घायल

Published

on

बलियाः सिकंदरपुर के खेजुरी थाना अंतर्गत एक गांव में डीजे और डांसर को लेकर दो पक्षों में विवाद हो गया। विवाद इतना बड़ा कि हाथापाई तक बात पहुंची और मारपीट में एक 30 साल के युवक की मौत हो गई, जबकि 4 लोग घायल हो गए हैं।

घटना खेजुरी के अंतर्गत कसमापुर गांव की दलित बस्ती की है। जहां गांव निवासी वीरबल राम की पुत्री कु. पूजा की मंगलवार की शाम को बारात आई थी जिसमें डीजे पर नर्तकी नाच रही थी। जैसे ही बारात कन्या पक्ष के दरवाजे पर पहुंची तो मनियर से आए चन्दायर गांव निवासी अर्जुन राम पुत्र जवाहर राम और बारातियों के बीच नर्तकी को ले कर विवाद हो गया।

कुछ लोगों ने मौके पर पहुंचकर मामले को शांत कराया लेकिन कुछ देर बाद ही अर्जुन सहित आधा दर्जन युवक पुनः वीरबल राम के दरवाजे पर पहुंचे और विवाद करने लगे। जब इसका विरोध किया तो कसमापुर व चन्दायर से आये लोगों के बीच मारपीट शुरू हो गई। मारपीट इतनी बढ़ गई कि मिठू राम (56)पुत्र दीप राम, विनोद (24), सन्तोष(30), शमशेर(22) और श्यामदेव(20) बुरी तरह घायल हो गए।

घायलों को अस्पताल ले जाया गया। जहां संतोष को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। जबकि मिठू राम की हालत गंभीर देखते हुए सदर अस्पताल रेफर कर दिया। मौके पर पहुंची थाना स्थानीय पुलिस ने सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत कर 05 व्यक्तियों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरु कर दी है। वहीं मृतक के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम हेतु भेजा गया है, अन्य आवश्यक वैधानिक कार्यवाही की जा रही है।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*

code

बलिया

बलिया स्वास्थ्य विभाग का एक और कारनामा, मुख्यमंत्री को दी व्यवस्थाओं की फर्जी रिपोर्ट!

Published

on

बलिया में स्वास्थ्य विभाग के अब तक कई कारनामे देखने को मिले। जहां एक स्वास्थ्य विभाग का एक और कारनामा देखने को मिला है। जो अब मुख्यमंत्री के सामने तक झूठ पेश करने से नहीं डर रहे हैं। बलिया स्वास्थ्य विभाग में लापरवाही, मनमानी और अनियमितता के कई मामले सामने आने के बाद भी मुख्य चिकित्साधिकारी मुख्यमंत्री को बलिया में सभी अस्पतालों की व्यवस्था चाक-चौबंद बता रहे हैं।

बलिया के मुख्या चिकित्साधिकारी ने मुख्यमंत्री की जनसुनवाई में फर्जी रिपोर्ट लगाई है। जिसमें कहा गया है कि जिले के सभी स्वास्थ्य केंद्रों में व्यवस्थाएं चाक-चौबंद हैं। केवल चिकित्सकों की कमी है। शासन को अवगत कराया गया है। बता दें भाजपा नेता सूर्यभान सिंह ने लखनऊ में मुख्यमंत्री के जनसुनवाई पोर्टल पर शिकायत की थी कि जनपद के सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की स्थिति बदतर है।

शिकायत में कहा गया था कि जनरेटर नहीं चलते हैं। एंबुलेंस की सेवा अस्त-व्यस्त है। सीएम कार्यालय द्वारा सीएमओ से रिपोर्ट मांगी गई थी। मुख्य चिकित्साधिकारी ने मुख्यमंत्री कार्यालय को प्रेषित अपने रिपोर्ट में बताया कि जिले की सभी अस्पतालों पर जब बिजली नहीं रहती है तो लगातार जनरेटर चलते हैं। सभी व्यवस्था चाक-चौबंद है। केवल चिकित्सकों की कमी है।

Continue Reading

बलिया

बलिया- स्कूलों में गर्मी की छुट्टियों का एलान, जाने कब से कब तक रहेंगी छुट्टियां

Published

on

बलिया में भीषण गर्मी के बीच स्कूलों में गर्मी की छुट्टियां घोषित कर दी हैं। 20 मई से 15 जून जून तक ग्रीष्मकालीन अवकाश रहेंगे। जिला बेसिक शिक्षा परिषद के नियंत्रणाधीन स्कूलों में ग्रीष्मावकाश और शीतावकाश को लेकर बीएसए शिवनारायण सिंह ने दिशा-निर्देश जारी किया है। 16 जून से शैक्षणिक सत्र शुरू होगा।

बीएसए ने बताया कि शीतकालीन अवकाश 31 दिसंबर से 14 जनवरी तक था, जबकि ग्रीष्मावकाश 20 मई से शुरू हो रहा है, जो 15 जून तक रहेगा। ग्रीष्मावकाश के बाद सत्रारम्भ 16 जून से होगा। उप्र बेसिक शिक्षा परिषद के नियंत्रणाधीन विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों और प्रबंधकों को निर्देशित किया है कि अवकाश के संबंध में कार्रवाई सुनिश्चित करें।

Continue Reading

बलिया

बलिया : 2016 में हुई हत्या के आरोपी को कोर्ट ने सुनाई आजीवन कारावास की सजा

Published

on

बलिया में 2016 में हुई हत्या के मामले में आरोपी को कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है, साथ ही 10 हजार का अर्थदंड लगाया है। पुलिस की प्रभावी पैरवी के चलते आरोपी को सख्त सजा मिल सकी।

पुलिस के द्वारा चिन्हित मुकदमों के त्वरित निस्तारण का अभइयान चलाया जा रहा है। इसी के तहत मानिटरिंग सेल, विशेष लोक अभियोजक, संयुक्त निदेशक अभियोजन व पैरोकारों की प्रभावी पैरवी के चलते फेफना थाने में पंजीकृत धारा 302, 323, 504 भादवि में कोर्ट ने अपना फैसला सुनाया।

अदालत ने अभियुक्त पवन कुमार यादव उर्फ छांगुर को धारा 302 भादवि में दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनायी। साथ ही 10 हजार रूपये के अर्थ दण्ड से दण्डित किया गया। अर्थ दण्ड अदा न करने की दशा में अभियुक्त को 02 वर्ष का  अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। वहीं, धारा 323 भादवि में दोषी पाते हुए 01 वर्ष का कारावास तथा एक हजार रूपये के अर्थ दण्ड से दण्डित किया गया।

अर्थ दण्ड अदा न करने की दशा में अभियुक्त को 02 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। धारा 504 भादवि में दोषी पाते हुए 02 वर्ष का कारावास तथा एक  हजार रुपये के अर्थ दण्ड से दण्डित किया गया। अर्थ दण्ड अदा न करने की दशा में अभियुक्त को 02 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।

 

Continue Reading

TRENDING STORIES

error: Content is protected !!