Connect with us

featured

बलिया – मिलावटी खाद्य पदार्थ का सामान बेचने पर लगा 12.83 लाख का जुर्माना!

Published

on

बलिया।  मिलावटी खाद्य पदार्थ बेचने व बिना पंजीकरण कराए कारोबार करने के आरोप में कई दुकानदार फंस गए हैं। एडीएम ने 12.83 लाख रुपये का जुर्माना लगाते हुए वसूली के आदेश दिए हैं। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग के अधिकारियों ने अलग-अलग दुकानों पर छापेमारी करके खाद्य पदार्थ के नमूने लिए थे।

बता दें कि खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की जिला स्तरीय स्टीयरिंग कमेटी की बैठक अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में अपर जिलाधिकारी राजेश कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई। एडीएम श्री सिंह ने कहा कि यह सुनिश्चित कराया जाए कि खुले में खाद्य पदार्थ नहीं बिके। इसके लिये प्रचार-प्रसार कराया जाए। विद्यालयों के आसपास बेचे जाने वाले खाद्य पदार्थों पर भी कड़ी नजर रखने के निर्देश दिए।

विभागीय कार्यों की जानकारी देते हुए सहायक आयुक्त औषधि द्वितीय डॉ वेद प्रकाश मिश्र ने बताया कि 29 सितम्बर तक 141 खाद्य पदार्थ के नमूनों की जांच रिपोर्ट आ चुकी है। इसमें 37 नमूने अधोमानक, 7 नमूने असुरक्षित, 25 की रिपोर्ट मिथ्याछाप/नियमों का उल्लंघन व 69 नमूने मानक के अनुरूप नहीं पाए गए हैं। निर्णीत वाद में एओ कोर्ट से 68 मामले निस्तारित हुए हुए है, जिसमे 10 लाख 38 हजार रुपये का अर्थदण्ड एओ कोर्ट से अलग-अलग दुकानों पर लगाया गया है।

इसी तरह दूध पर 31 अगस्त तक प्रर्वतन कार्यवाही में 49 नमूनों की रिपोर्ट प्राप्त हुई है। जिसमें 22 की जांच रिपोर्ट अधोमानक व 22 नमूनों की जांच रिपोर्ट मानक के अनुरूप नहीं पाए गए हैं। श्री मिश्र ने बताया कि दूध के मामलों में एओ कोर्ट से 16 मामले निर्णित किये गये है और 2 लाख 45 हजार रुपये के अर्थदण्ड लगाया गया है।

बैठक में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी डीके राय, जिला पंचायत राज अधिकारी, उप दुग्ध विकास अधिकारी, जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला पूर्ति अधिकारी, जिला कृषि अधिकारी, मंडी सचिव मंडी परिषद सदर, बाट एवं माप अधिकारी, बलिया केमिस्ट एवं ड्रगिस्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष आनन्द सिंह, रेड क्रॉस सोसाइटी से शैलेंद्र पाण्डेय, खाद्य सुरक्षा अधिकारी प्रेम यादव, नरेंद्र कुमार, संतोष कुमार, रवि शंकर पांडे आदि उपस्थित थे।

Advertisement
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

featured

बलिया में भीषण सड़क हादसा अब तक 6 की मौत !

Published

on

बलिया के बैरिया में सोमवार देर रात दर्दनाक सड़क हादसा हो गया जिसमें अब तक 6 लोगों की मौत हो चुकी है । एनएच 31 पर स्थित बैरिया थाना क्षेत्र अंतर्गत दुबेछपरा-सुघर छपरा के मध्य अंधा मोड़ पर सोमवार की रात करीब दो बजे ये भीषण हादसा हुआ हादसे में आधा दर्जन लोग घायल भी बताए जा रहे है, जिनमें से चार को वाराणसी रेफर किया गया है। बताया जा रहा है कि, दोकटी थाना क्षेत्र के भगवानपुर निवासी अनवत गुप्ता के घर से खेजुरी थाना क्षेत्र के मासूमपुर गांव में तिलकोत्सव गया था।

तिलकोत्सव में शामिल होने के बाद लोग कमांडर जीप से गांव लौट रहे थे। रात करीब दो बजे जीप अभी बैरिया थाना क्षेत्र अंतर्गत दुबेछपरा-सुघर छपरा के मध्य स्थित अंधा मोड़ पर पहुंची थी, तभी टमाटर लदी तेज रफ्तार पिकअप ने टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि एक जीप के परखच्चे उड़ गये और सभी सवार गंभीर रूप से घायल हो गये। पिकअप पलट गई।

वहीं, दूसरी जीप में शामिल लोग भी घायल हो गये। आस-पास के लोगों ने पुलिस और एम्बुलेंस को सूचना दिया। एम्बुलेंस पहुंची तो लोगों ने सभी घायलों को जिला चिकित्सालय भेजा। हादसे में अब तक 6 के मरने की सूचना है। मृतकों के शव को कब्जा पुलिस में लेकर पोस्टमार्टम की कार्यवाही हेतु मोर्चरी हाउस भेजा गया।

Continue Reading

featured

बलिया: स्टीमर से 3 युवकों ने लगाई गंगा में छलांग, 1 की मौत

Published

on

बलिया में मस्ती मजाक में नदी में कूदना 3 दोस्तों को भारी पड़ गया। इस घटना में 1 युवक काल के गाल में समा गया, वहीं 2 युवक डूबने से बाल बाल बचे। हादसा भरौली में हुआ, यहां स्टीमर से गंगा नदी में छलांग लगाने वाले 3 युवक नदी में बह गए, इनमें में 2 किशोरों को नाविकों ने बचा लिया तो वही 1 किशोर की मौत हो गई।

जानकारी के मुताबिक, नरहीं थाना क्षेत्र के सरंया गांव निवासी पवन यादव 16 वर्ष पुत्र खरताली यादव सोमवार की दोपहर ढाई बजे अपने दो दोस्तों के साथ बक्सर के रामरेखा घाट से उजियार घाट आने के लिए स्टीमर पकड़े थे, इसी दौरान स्टीमर जैसे ही गंगा नदी के बीच धारा में पहुंची। तीनों ने नदी में छलांग लगा दी।

धीरे धीरे तीनों युवक डूबने लगे, इसके बाद नाविक बचाने दौड़ पड़े। जहां मोहित कुमार, यश कुमार को तो बचा लिया गया, लेकिन पवन यादव गंगा की लहरों में समा गया। इस खबर की जानकारी जैसे गांव में पहुंची गांव के लोग गंगा तट पर पहुंच गए। सूचना पर पुलिस भी पहुंच गई।

इसके बाद गंगा नदी में पवन को ढूंढने का काम शुरू हुआ। लेकिन शाम तक कोई सफलता नहीं मिली। इस घटना से परिवार में कोहराम मच गया। ग्रामीणों ने बताया कि स्टीमर से कूद कर गंगा स्नान करने वाले लड़कों की संख्या दर्जनों में है और लापरवाही से वे हादसे का शिकार हो जाते हैं।

Continue Reading

featured

पुलिस भर्ती पेपर लीक में बलिया का नीरज यादव गिरफ्तार, अभ्यर्थियों को व्हाट्सएप पर भेजे थे जवाब

Published

on

उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती परीक्षा में पेपर लीक की घटना सामने आने के बाद अब कार्रवाई शुरू हो गई है। सरकार ने भर्ती परीक्षा को रद्द कर दिया है, साथ ही साथ सीएम योगी आदित्यनाथ ने आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की बात कही है। इसी बीच पुलिस ने बलिया के नीरज यादव को गिरफ्तार किया है, आरोप है कि नीरज ने भर्ती परीक्षा मामले में अभ्यर्थियों को सवालों के उत्तर व्हाट्सएप पर भेजे थे।

बताया जा रहा है कि मथुरा के रहने वाले एक उपाध्याय ने नीरज को पूरी परीक्षा की उत्तर कुंजी भेजी थी और इसी कुंजी में से उत्तर देख कर नीरज ने अभ्यर्थियों को व्हाट्सएप पर जवाब भेजे थे।
अब पुलिस मथुरा के उस शख्स की तलाश कर रही है, जिसके पास भर्ती परीक्षा की पूरी उत्तर कुंजी मौजूद थी। पुलिस इस बात का भी जवाब ढूंढ रही है कि आखिर परीक्षा की पूरी उत्तर कुंजी उसे शख्स के पास कैसे पहुंची।

जानकारी के मुताबिक, लखनऊ के कृष्णानगर के अलीनगर सुनहरा स्थित सिटी मॉडर्न अकेडमी स्कूल को भी परीक्षा केंद्र बनाया गया था। 18 फरवरी को आयोजित परीक्षा की दूसरी पाली के दौरान शाम करीब 4:55 बजे कक्ष संख्या-24 के निरीक्षक वंदना कनौजिया और विश्वनाथ सिंह ने परीक्षार्थी सत्य अमन कुमार को पर्ची से नकल कर ओएमआर शीट भरते पकड़ा था। उन्होंने पर्ची बरामद कर ली थी। पुलिस टीम ने सत्य अमन को गिरफ्तार कर लिया था। पूछताछ में उसने बताया कि नीरज यादव नाम के शख्स ने उत्तरकुंजी व्हाट्सएप पर भेजी थी।

नीरज ने पुलिस को बताया कि मथुरा निवासी उपाध्याय ने उसको उत्तरकुंजी भेजी। व्हाट्सएप चैट से इसकी पुष्टि भी हुई। सूत्रों के मुताबिक उपाध्याय को जानकारी हो गई थी कि सत्य अमन पकड़ा गया है। इसलिए वह दबिश से ठीक पहले वह भाग निकला। वहीं आरोपी नीरज यादव मर्चेंट नेवी में था। वर्तमान में वह नौकरी छोड़ रखी है। सूत्रों के मुताबिक वह परीक्षाओं में सेंधमारी का काम कुछ वक्त से कर रहा है। इसके एवज में मोटी रकम वसूलता है।

अब तक इस जांच में कई अनसुलझे सवाल पैदा हुए हैं। सवाल यह है कि आखिर नीरज यादव का नेटवर्क कहां तक है और उसे कुंजी उपलब्ध करवाने वाले उपाध्याय को उत्तर कुंजी कहां से मिली। आखिर नीरज ने उत्तर कुंजी देने के बदले अमन से कितनी रकम मांगी थी और कितने अन्य लोगों को उत्तर कुंजी दी गई है। ये सभी सवाल अनसुलझे हैं, जिनका जवाब आने वाले वक्त में ही मिल पाएगा।

Continue Reading

TRENDING STORIES

error: Content is protected !!