Connect with us

Uncategorized

क्या बीवी पर पूरे घर का बोझ डालना जायज़ है?

Published

on

दोस्तों अस्सलाम वालेकुम व रहमतुल्लाहि व बरकत हो दोस्तों आज हम आपके लिए एक ऐसी वीडियो लेकर आये है जिसमें मौलाना तारिक मसूद ने बीवी के बारे में कुछ बताया कि आपको बताते हैं दोस्तों मौलाना तारिक जमील साहब से यह पूछा गया कि क्या हुआ जब पहन उनके घर रुकने आए तो बीवी से खाना पकवा सकते हैं मौलाना ने जवाब दिया कि जब आपकी बहन आपकी घर आए तो आप अपनी बीवी से बोले की ये हमारी मेहमान हैं और तुम इसके लिए खाना बनाओ लेकिन यह काम आप सिर्फ एक वक्त ही कर सकते हैं दूसरे वक्त से आप अपनी बहन को खुद खाना बनाने को बोले मतलब आपकी बीवी के लिए नहीं बल्कि खुद के लिए.

वह खाना बनाएं आप बीवी पर उसके खाने का बोझ नहीं डाल सकते हैं मौलाना कहते हैं कि मैं सास-ससुर की खिदमत का कायल हूं अगर आपके घर में बुजुर्ग है तो उन की खिदमत करना हमारी जिम्मेदारी है लेकिन उसकी भी एक हद है मौलाना कहते है की सास ससुर तक तो ठीक है लेकिन लोग बीवियों पर देवरो के भी बोझ डाल देते हैं रोजाना बीवी को देवरो का खाना बनाती है और उनके कपड़े इस्त्री करना और कपड़े धोना भी उनके जिम्मे होता है.

इसके साथ ही बहने घर आ जाती है 10, 10 दिन रहने के लिए और बीवी उनके लिए खाना पकाती है उन की खिदमत करती है यह बीवी के ऊपर जुल्म है ऐसा बिल्कुल भी नहीं करना चाहिए क्यों कि आप उससे शादी करके उसको बीवी बना कर लाये है ना की नौकरानी बनाकर दोस्तो मौलाना फरमाते हैं कि कमजोर के ऊपर इतना जुल्म नहीं किया जाता है बहुत सी औरतें बेचारी कह भी नहीं पाती है और रो रो कर रह जाती है.

मौलाना ने कहा कि जुल्म है जायज नहीं है मौलाना ने कहा कि बस एक वक्त आप अपनी बीवी से खाना पकवा कर उसको खिला सकते हैं बाकी वक्त आप खुद बोले उससे कि अगर तुम्हें चाय पीना है तो खुद बनाकर पियो पानी पीना है तो खुद पी ओ बांसी औरतें ऐसी होती हैं जो आकर एक जगह लेट जाती है और यह आर्डर देती रहती है ये लाओ वो लाओ।।

Advertisement
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*

code

Uncategorized

जानिए कौन हैं सिकंदरपुर पर आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार डॉ प्रदीप कुमार

Published

on

बलियाः उत्तरप्रदेश में चुनावी बिगुल बच चुका है। इस बार आम आदमी पार्टी भी मैदान में है। रविवार को पार्टी ने अपने 150 उम्मीदवारों की लिस्ट जारी कर दी है। इसमें बलिया जिले से सिकंदरपुर विधानसभा सीट से पार्टी ने अपने जिलाध्यक्ष डॉक्टर प्रदीप कुमार को उम्मीदवार बनाया है।

चलिए आपको बताते हैं कौन है प्रदीप कुमार?

प्रदीप कुमार सिकंदरपुर सीमा पर बिल्थरारोड क्षेत्र के ककरी निवासी हैं। उन्होंने अपनी 12वीं की पढ़ाई करने के लिए फार्मासिस्ट का कोर्स किया। इसके बाद वह जनआंदोलन में हिस्सा लेने लगे। साल 2013 में जब अन्ना आंदोलन कर रहे थे, उसमें भी प्रदीप कुमार शामिल हुए। उन्होंने माथे पर मैं अन्ना हूं की टोपी लगाकर कई कार्यक्रमों में भाग लिया।

इसके बाद जब अरविंद केजरीवाल ने पार्टी बनाई तो डॉक्टर प्रदीप कुमार ने पार्टी की ऑनलाइन सदस्यता ली। इसके बाद वह लगातार पार्टी के लिए काम करते रहे। मार्च 2021 में वह आप पार्टी के जिलाध्यक्ष बनाओ गए और दो महीने पहले ही प्रदीप को सिकंदरपुर का प्रभारी घोषित किया गया और अब पार्टी ने उनपर विश्वास जताते हुए चुनावी मैदान में उतारा है।

डॉ प्रदीप क्षेत्र में लगातार सक्रिय हैं, वह सिकंदरपुर का विकास दिल्ली मॉडल पर करने के दावे के साथ जनता के बीच में पहुंच रहे हैं। उनका कहना है कि बेरोजगारी, शिक्षा, स्वास्थ्य, बिजली-पानी आदि मुद्दों को लेकर भी लोगों के बीच जाएंगे।

Continue Reading

featured

जानिए कौन हैं बलिया के नए DM इंद्रविक्रम सिंह, लॉकडाउन में किया था सराहनीय काम!

Published

on

बलिया।  उत्तरप्रदेश में एक बार फिर बड़ी प्रशासनिक सर्जरी हुई है। बड़े स्तर अधिकारियों के तबादले हुए हैं। इसमें कई जिलों के कलेक्टर इधर से ऊधर भेजे गए हैं। इसी बीच आईएएस इंद्रविक्रम सिंह को बलिया कलेक्टर बनाया गया है।आईएएस इंद्रविक्रम सिंह लंबे समय से प्रशासनिक सेवा में हैं। वह इससे पहले उत्तरप्रदेश के कई जिलों में अपनी सेवाएं दे चुके हैं। शामली में डीएम का पद संभालने के साथ ही शाहजहांपुर में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं। अब उन्हें बलिया की जिम्मेदारी सौंपी गई है। जहां वे कलेक्टर के रूप में पदभार संभालेंगे।

इसके अलावा अमृत त्रिपाठी को आजमगढ़ कलेक्टर, शाहजहांपुर कलेक्टर उमेश प्रताप सिंह को बनाया गया है। वहीं अमेठी में राकेश मिश्रा को कलेक्टर पद की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके अलावा अधिकारी हरि प्रताप शाही को विशेष सचिव पद पर नियुक्ति मिली है।

लॉकडाउन में इंद्रविक्रम सिंह ने किया था सराहनीय काम–  कोरोना के संक्रमण को लेकर जारी लॉकडाउन के चलते बच्चे स्कूल नहीं जा पा रहे हैं और ना ही उनकी पढ़ाई हो पा रही थी। ऐसे में शाहजहांपुर के डीएम (DM) यहां के बच्चों के लिए मास्टर बन कर सामने आए थे।

यहां डीएम इंद्र विक्रम सिंह (Indra Vikram Singh) बच्चों को ऑनलाइन (Online) पाठशाला के जरिए उन्हें रोजाना पाठ पढ़ा रहे थे। दरअसल, जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह अपना सरकारी काम पूरा करने के बाद शाम को ठीक 6:00 बजे अपनी एक ऑनलाइन पाठशाला शुरू करते थे। जिसमें वो नए-नए पाठ के जरिए बच्चों को पढ़ाते हैं।

Continue Reading

Uncategorized

Ballia में नौजवान अपने खर्चे पर कर रहे सड़कों को गड्ढा मुक्त, सरकार के दावे फेल !

Published

on

बलिया। उत्तरप्रदेश में कुछ ही महीनों में विधानसभा चुनाव होना है। सभी पार्टियां जनता के हित में काम करने का वादा कर रही हैं। लेकिन जनता से वादा कर बनी योगी सरकार की हकीकत बलिया की इन तस्वीरों में उजागर हो रही है। सड़क के गड्ढे योगी सरकार के गड्ढा मुक्त होने के दावों को तमाचा दिखा रहे हैं। कई बार मरम्मत की मांग के बाद भी गड्ढे जस के तस हैं। नतीजन प्रधान प्रतिनिधि को अपने ही खर्च पर गड्ढे भरवाने को मजबूर है।

मामला बलिया के नेशनल हाईवे-31 का है। जिसकी मरम्मत की मांग पूरी न होने पर मुबारकपुर के पास खोड़ीपाकड के प्रधान प्रतिनिधि संजीव कुमार राय और चन्द्र प्रकाश सिंह अपने ही खर्चे पर गड्ढ़ों को भरने का काम करवा रहे हैं। दरअसल NH-31 की सड़क 4 साल पहले तक 20 से 40 फीसदी तक ही खराब थी। सड़क की मरम्मत करने की मांग कई बार उठी। इतना ही नहीं मांग पूरी न होने पर आंदोलन तक किए गए। बावजूद सड़क की मरम्मत की मांग पर ध्यान नहीं दिया गया। जिसकी वजह से अब 80 से 100 फीसदी तक सड़क खराब हो गई। धूल गुब्बार से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ना है।

सड़क पर गड्ढ़ों की वजह से लोगों का जीना तक मुहाल हो गया। सागरपाली, फेफना, चितबड़ागांव, नरही, भरौली आदि स्थानों पर तो सड़क का नामोनिशान नहीं है और जानलेवा गड्ढे बन चुके हैं। जिसकी वजह से आए दिन हादसे हो रहे हैं। और अब प्रधान प्रतिनिधि खुद ही अपने खर्च पर गड्ढे भरवा रहे हैं। हालांकि अब देखना होगा कि इस चुनावी माहौल में कब जनता की समस्या पर ध्यान दिया जाता है।

Continue Reading

TRENDING STORIES

error: Content is protected !!