Connect with us

बलिया

बलिया में 25 उप निरीक्षकों के ट्रांसफर, देखें पूरी लिस्ट

Published

on

बलिया जिले में एक बार फिर प्रशासनिक सर्जरी हुई है। कई थानों के उप निरीक्षकों का ट्रांसफर किया गया। 25 थानों के उप निरीक्षकों की अदला-बदला की गई है। इसके अलावा दो थानों की महिला उप निरीक्षकों का भी ट्रांसफर किया गया है। पुलिस अधीक्षक राज करन नय्यर के निर्देश पर ट्रांसफर किए गए हैं। बता दें इससे पहले थानों का औचक निरीक्षण करने के बाद पुलिस अधीक्षक राज करन नय्यर ने ट्रांसफर किए थे यहां तक कुछ पुलिसकर्मियों को सस्पेंड भी कर दिया था। एक बार भी ट्रांसफर होने से पुलिस विभाग में हड़कंप है।
उप निरीक्षक सुरेश नारायण पाण्डेय को ट्रांसफर खेजुरी से बैरिया थाने में कर दिया गया है।रविंद्र कुमार को मनियर थाने से नरहीं थाने में ट्रांसफर किया है। अजय यादव को बसंतपुर थाने से हटाकर दोकटी थाने भेज दिया है।लालजी पाल को गड़वार थाने से सुरेमपुर थाना बैरिया भेज दिया है।रामाश्रय यादव को थाना गड़वार से थाना रामगढ़ में ट्रांसफऱ कर दिया है। इसके अलावा मोतीलाल को दोकटी थाने से खेजुरी थाने में ट्रांसफर कर दिया है।रविंद्रनाथ पांडेय को पकड़ी थाने से हटाकर थाना भीमपुरा में भेज दिया गया है।अवधेश सिंह को नरहीं थाने से हटाकर थाना सहतवार में ट्रांसफर कर दिया है।शिवजी कुमार को कोतवाली से थाना दोकटी में ट्रांसफर कर दिया है। इसी तरह कुल 25 उप निरीक्षकों का ट्रांसफर किया गया है।

इसके अलावा दो महिला उप निरीक्षकों का भी ट्रांसफर किया गया है। थाना अध्यक्ष सरोज यादव को महिला थाने से हटाकर बलिया पुलिस चौकी बैरिया में प्रभारी रिपोर्टिंग बनाया गया है। और प्रज्ञा सिंह को बैरिया पुलिस चौकी की प्रभारी रिपोर्टिंग के पद से हटाकर बलिया महिला थाने का अध्यक्ष बनाया गया है। दोनों की महिला पुलिसकर्मियों को पोस्टिंग की अदला-बदला की गई है।

Continue Reading
Advertisement
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*

code

बलिया

पानी में डूबा चिलकहर विकासखंंड, चौराहों पर घुटनों- घुटनों तक पानी, लोग परेशान

Published

on

बलिया इस वक्त बारिश के कहर से जूझ रहा है। हर जगह पानी ही पानी नजर आ रहा है। सड़के तालाब बन गई हैं। पैदल चलने को भी जगह नहीं है। लोगों के घरों में पानी भर गया है। इसी बीच जिले के चिलकहर विकासखंड की तस्वीरें सामने आई है। जहां बारिश का कहर और अधिकारियों की लापरवारी एक दम ठीक तरीके से नजर आ सकती है।पूरा चिलकहर विकासखंड पानी में डूब गया है। हर जगह जलजमाव है। लोगों को आने-जाने में परेशान हो रही है। हालात यह है कि नगर में जलनिकासी की कोई दुरुस्त व्यवस्था नहीं है। जिसके चलते पूरे नगर में पानी भर गया है। सड़के नजर नहीं आ रही है। घुटनों-घुटनों तक पानी में चौराहे डूब चुके हैं।

ऐसे में लोग, खासकर छोटे- बच्चों और महिलाओं को खासी परेशानी आ रही है। ब्लॉक परिसर में लगभग करोड़ों रुपए का काम करवाने के अधिकारी दावे करते हैं लेकिन कुछ देर आई बारिश ने इन सभी दावों की पोल खोल कर रख दी है।

रिपोर्ट- कृष्ण मोहन पांडे

Continue Reading

बलिया

शासन ने दी बलिया में पीपीपी मॉडल पर मेडिकल कॉलेज संचालन की अनुमति, मिलेगा बेहतर इलाज

Published

on

उत्तर प्रदेश सरकार ने बलिया जिले में पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) मॉडल पर मेडिकल कॉलेज के संचालन की अनुमति दे दी है।

उत्तर प्रदेश सरकार ने बलिया जिले में पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) मॉडल पर मेडिकल कॉलेज के संचालन की अनुमति दे दी है। प्रदेश सरकार ने बलिया समेत कुल 16 जनपदों में पीपीपी मॉडल पर मेडिकल कॉलेज शुरू करने की अनुमति दी है। माना जा रहा है कि इस फैसले के बाद बलिया जिले की स्वास्थ्य व्यवस्था में सुधार आएगी। जिले के गम्भीर मरीजों को अब इलाज के लिए किसी दूसरे शहर की दौड़ नहीं लगानी पड़ेगी। बड़ी बीमारियों का उपचार भी इस मेडिकल कॉलेज में हो सकेगा।

पीपीपी मॉडल पर मेडिकल कॉलेज बनाने की अनुमति मिल चुकी है। लेकिन इस मेडिकल कॉलेज की नींव बलिया में कहां पड़ेगी यह अब तक सुनिश्चित नहीं हुआ है। मेडिकल कॉलेज के लिए कैसे और कब तक बनकर तैयार होगा इसे लेकर कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है। मेडिकल कॉलेज के संचालन को लेकर फिलहाल कोई रोडमैप तैयार नहीं है। अभी सिर्फ इसे लेकर सरकार की ओर से स्वीकृति दी गई है।

बलिया के लोगों में पीपीपी मॉडल पर मेडिकल कॉलेज खोले जाने की घोषणा से खुशी है। माना जा रहा है कि अब अपने इलाज के लिए लोगों को कहीं भटकना नहीं पड़ेगा। अब तक जिले की जनता गम्भीर बिमारियों के उपचार के लिए वाराणसी और गोरखपुर जैसे शहरों में जाने को मजबूर थे। जिला अस्पताल की व्यवस्था दुरुस्त ना होने की वजह से लोगों को इन समस्याओं का सामना करना पड़ता है। लोगों का मानना है कि इस मेडिकल कॉलेज के शुरू होने के बाद हर रोज जिला अस्पताल से मरीजों को दूसरे किसी शहर रेफर नहीं किया जाएगा।

बता दें कि मेडिकल कॉलेज के निर्माण को लेकर पिछले दो सालों से कवायद हो रही है। लेकिन मेडिकल कॉलेज अब तक जमीन पर नहीं उतर सका है। 2019 में प्रदेश सरकार के निर्देश पर इसे लेकर जमीन भी चिन्हित की गई थी। राजकीय निर्माण निगम की ओर से 326 करोड़ का प्रस्ताव भी बनाया गया। लेकिन फिर यह परियोजना ठंडे बस्ते में चली गई। इसके बाद जिला प्रशासन की ओर से सर्वे टीम ने कई जगह जमीन का सर्वे किया। लेकिन हर बार मानक पूरा न होने की वजह से मामला आगे न बढ़ सका। अब देखने वाली बात होगी कि पीपीपी मॉडल पर मेडिकल कॉलेज कब तक जमीन पर उतरती है?

Continue Reading

बलिया

बलिया में अंधी रफ्तार का कहर, मॉर्निंग वॉक पर निकले बुजुर्ग को बुलेट ने मारी टक्कर, मौके पर मौत

Published

on

बलिया में सड़क हादसे थमने का नाम नहीं ले रहे। ताजा मामला सामने आया है बैरिया-रेवती मार्ग से, जहां गंगा पांडेय के टोला में मॉर्निंग वॉक कर घर आ रहे 70 वर्षीय बुजुर्ग को बैरिया के तरफ से आ रही बुलेट सवार ने टक्कर मार दी। जिससे बुजुर्ग गंभीर रुप से घायल हो गए। जिन्हें स्थानीय लोग सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सोनबरसा ले गए। जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

घटना को अंजाम देने के बाद बाइक सवार भाग गया। जिसके बाद घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने बैरिया रेवती मार्ग जाम कर दिया। रेवती एसएचओ ने कार्यवाई का आश्वासन देकर जाम को समाप्त कराया। बताया जा रहा है कि घटना शुक्रवार की है जहां 70 वर्षीय बरमेश्वर पांडेय रोज की तरह शुक्रवार को भी बैरिया रेवती मार्ग पर मॉर्निंग वॉक कर अपने घर की तरफ वापस लौट रहे थे। उसी दौरान वह बैरिया की तरफ से आ रही तेज रफ्तार बुलेट की चपेट में आ गए।

घटना के बाद बुलेट चालक मौके से फरार हो गया। इस दौरान सड़क पर गिरकर बुरी तरह जख्मी बरमेश्वर पांडे को लोग इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सोनबरसा ले गए। जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। गंगापांडे के टोला में यह सूचना पहुंचते ही आक्रोशित ग्रामीण सड़क पर उतर कर बैरिया रेवती मार्ग जाम कर दिए। प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। सूचना पर पहुंचे थानाध्यक्ष यादवेंद्र पांडे ने ग्रामीणों को समझाया।

ग्रामीण बुलेट चालक पर कार्यवाही तथा पीड़ित परिवार को आर्थिक मदद की मांग कर रहे थे। इस दौरान विधायक सुरेंद्र सिंह ने भी फोन पर आंदोलित लोगों से बात की। रेवती एसएचओ यादवेंद्र पांण्डेय ने त्वरित कार्यवाई और परिवारजनों की मदद का आश्वासन दिया तब जाकर जाम समाप्त हुआ।

Continue Reading

TRENDING STORIES

error: Content is protected !!